भारतीय पत्रकार आनंद आरके और सुपना शर्मा ने पुलित्ज़र पुरस्कार जीता
दो भारतीय पत्रकारों ने भारत में साइबर अपराध को उजागर करने वाली एक कला रिपोर्टिंग परियोजना के लिए प्रतिष्ठित पुलित्जर पुरस्कार 2026 जीता है।
विजेता और उनकी रिपोर्ट: “trAPPed”
- पत्रकार: आनंद आर.के. (Anand RK) और सुपर्णा शर्मा (Suparna Sharma)।
- श्रेणी: सचित्र रिपोर्टिंग और कमेंट्री (Illustrated Reporting and Commentary)।
- साझेदार: नताली ओबिको पीयरसन (Natalie Obiko Pearson)।
- प्रकाशन: ब्लूमबर्ग (Bloomberg)।
- विषय: उनकी रिपोर्ट का शीर्षक “trAPPed” है। यह भारत की एक न्यूरोलॉजिस्ट (Neurologist) की कहानी है, जिसे फोन के जरिए “डिजिटल अरेस्ट” (Digital Arrest) में रखा गया था।
- महत्व: इस रिपोर्ट ने दृश्यों (visuals) और शब्दों के अनूठे मेल के जरिए निगरानी (surveillance) और डिजिटल घोटालों की बढ़ती वैश्विक चुनौतियों को संजीदगी से पेश किया है।
एक और भारतीय विजेता: अनिरुद्ध घोषाल
- पत्रकार: अनिरुद्ध घोषाल (हनोई स्थित रिपोर्टर)।
- श्रेणी: अंतर्राष्ट्रीय रिपोर्टिंग (International Reporting)।
- विषय: उन्होंने अमेरिकी सीमा गश्ती दल (US Border Patrol) द्वारा जन-निगरानी उपकरणों (mass-surveillance tools) के गुप्त उपयोग की जांच के लिए यह पुरस्कार जीता। ये उपकरण मूल रूप से सिलिकॉन वैली में बनाए गए थे और चीन में विकसित किए गए थे।
पुलित्जर पुरस्कार के बारे में
पुलित्जर पुरस्कारों को पत्रकारिता के क्षेत्र में दुनिया का सबसे प्रतिष्ठित सम्मान माना जाता है।
- स्थापना: इसकी स्थापना 1917 में प्रकाशक जोसेफ पुलित्जर द्वारा की गई थी।
- प्रशासन: यह कोलंबिया यूनिवर्सिटी के ‘ग्रेजुएट स्कूल ऑफ जर्नलिज्म’ द्वारा प्रशासित किया जाता है।
- श्रेणियाँ: यह कुल 22 श्रेणियों में दिया जाता है, जिसमें खोजी पत्रकारिता, फिक्शन, फोटोग्राफी, म्यूजिक शामिल हैं।
पुरस्कार राशि: विजेताओं को $15,000 (लगभग 12.5 लाख रुपये) प्रदान किए जाते हैं।


