जल क्षेत्र में स्टार्टअप्स को सहायता प्रदान करने के लिए ‘MAHA वाटर मिशन’ लॉन्च किया गया

अनुसंधान नेशनल रिसर्च फाउंडेशन (ANRF) और केंद्रीय जल शक्ति मंत्रालय ने महा/MAHA (Missions for Advancement in High-Impact Areas) वॉटर मिशन का शुभारंभ किया। 

मिशन का मुख्य उद्देश्य

इस मिशन का उद्देश्य विज्ञान, उद्यमिता, उद्योग, शिक्षा जगत और जमीनी स्तर के प्रयासों को जोड़कर जल क्षेत्र में नवाचार (innovation) को गति देना है। यह मिशन प्रयोगशाला के शोध को फील्ड पर उतारने और भारत की दीर्घकालिक जल सुरक्षा को मजबूत करने के लिए स्केलेबल और स्थानीय समाधान तैयार करेगा।

प्रमुख विवरण

  • कुल परिव्यय: 5 वर्षों के लिए ₹200 करोड़ (ANRF और जल शक्ति मंत्रालय द्वारा संयुक्त योगदान)।
  • वित्तीय सहायता: चयनित कंसोर्टियम (consortia) को प्रौद्योगिकी विकास, क्षेत्र मूल्यांकन, सत्यापन और तैनाती के लिए ₹20 करोड़ तक की सहायता प्रदान की जाएगी।
  • पात्रता: यह कार्यक्रम बहु-विषयक कंसोर्टियम का समर्थन करेगा, जिसमें विश्वविद्यालय, राष्ट्रीय प्रयोगशालाएं, शोध संगठन, स्टार्टअप, MSME और उद्योग भागीदार शामिल होंगे।

प्राथमिकता वाले पाँच क्षेत्र (Five Priority Themes)

  1. जल संसाधन आकलन और सतत प्रबंधन: जल संसाधनों की मैपिंग और प्रबंधन।
  2. पेयजल: सुरक्षित पेयजल की उपलब्धता सुनिश्चित करना।
  3. जल गुणवत्ता और पारिस्थितिक स्वास्थ्य: जल प्रदूषण और पारिस्थितिकी तंत्र की सुरक्षा।
  4. जल उपयोग दक्षता और चक्रीय अर्थव्यवस्था (Circular Economy): जल के पुनर्चक्रण और न्यूनतम बर्बादी पर ध्यान।
  5. जलवायु लचीलापन और अनुकूलन: जलवायु परिवर्तन के प्रति जल प्रणालियों को मजबूत बनाना।

संदर्भ: ANRF और MAHA मिशन

महा/MAHA (Missions for Advancement in High-Impact Areas) विज्ञान और प्रौद्योगिकी मंत्रालय के तहत अनुसंधान नेशनल रिसर्च फाउंडेशन (ANRF) की एक प्रमुख पहल है। जल क्षेत्र के अलावा, ANRF ने अन्य रणनीतिक क्षेत्रों में भी MAHA मिशन लॉन्च किए हैं, जिनमें शामिल हैं:

  • इलेक्ट्रिक वाहन (Electric Vehicles)
  • ड्रोन (Drones)
  • मेडिकल टेक्नोलॉजीज (Medical Technologies)
  • 6G कम्युनिकेशंस (6G Communications)
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