एक्स्ट्रासेलुलर आरएनए (exRNA) क्या है?

हाल ही में ‘क्लीन वाटर’ (Clean Water) जर्नल में प्रकाशित एक अध्ययन के अनुसार, वैज्ञानिकों ने पाया है कि कीटाणुरहित (disinfected) पेयजल में भी बैक्टीरिया से निकलने वाला एक्स्ट्रासेलुलर आरएनए (extracellular RNA: exRNA) मौजूद रह सकता है।

एक्स्ट्रासेलुलरआरएनए (exRNA) क्या है?

  • परिभाषा: यह वह आरएनए (RNA) है जो कोशिकाओं के बाहर पाया जाता है। यह रक्त, लार, मूत्र और सेरेब्रोस्पाइनल फ्लूइड (मस्तिष्कमेरु द्रव) जैसे शरीर के तरल पदार्थों में मौजूद होता है।
  • संचार प्रणाली: इसे शरीर की एक परिष्कृत ‘लंबी दूरी की संचार प्रणाली’ का हिस्सा माना जाता है। एक कोशिका दूसरी दूर स्थित कोशिका को निर्देश देने के लिए exRNA जारी करती है, जिससे उस कोशिका के व्यवहार या जीन सक्रियता में बदलाव आता है।
  • कार्य: यह प्रतिरक्षा प्रणाली (immune system) की प्रतिक्रियाओं, ऊतकों की मरम्मत (tissue repair) और शरीर के विकास में समन्वय करने में मदद करता है।

पेयजल अनुसंधान में महत्व

वैज्ञानिकों ने पाया है कि बैक्टीरिया के नष्ट होने या मरने से ठीक पहले उनके द्वारा छोड़े गए exRNA का अध्ययन करके उनके ‘बचने की रणनीतियों’ (survival strategies) का पता लगाया जा सकता है।

  • लाभ: इससे यह समझने में मदद मिलती है कि कौन से बैक्टीरिया कीटाणुनाशकों के खिलाफ जीवित रहने में सक्षम हैं।
  • परिणाम: इस जानकारी का उपयोग भविष्य में अधिक प्रभावी और बेहतर कीटाणुनाशक (disinfectants) बनाने के लिए किया जा सकता है।

चिकित्सा और कैंसर विज्ञान में भूमिका

  • कैंसर का विकास: कैंसर कोशिकाएं भी ट्यूमर के विकास को बढ़ावा देने के लिए exRNA छोड़ सकती हैं।
  • निदान (Diagnosis): exRNA ‘मिनिमली इनवेसिव’ (कम चीर-फाड़ वाले) निदान के लिए बहुत आशाजनक साबित हुए हैं। विशेष रूप से कैंसर के क्षेत्र में, इनका उपयोग बीमारी का पता लगाने और उसके भविष्य के प्रभाव (prognosis) का आकलन करने के लिए किया जा सकता है।

Source: TH

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