मद्रास, कलकत्ता, मध्य प्रदेश और कर्नाटक हाई कोर्ट के लिए 30 जजों की नियुक्ति की अधिसूचना जारी की गई
केंद्र सरकार ने मद्रास, कलकत्ता, मध्य प्रदेश और कर्नाटक उच्च न्यायालयों में कुल 30 न्यायाधीशों की नियुक्ति को अधिसूचित किया है।
- मद्रास उच्च न्यायालय को नए नियुक्त न्यायाधीशों में सबसे बड़ा हिस्सा मिला है।
- इन नियुक्तियों में 20 अधिवक्ता (Advocates) और 10 न्यायिक अधिकारी (Judicial Officers) शामिल हैं।
न्यायाधीशों की नियुक्ति का संवैधानिक आधार
- सर्वोच्च न्यायालय और उच्च न्यायालयों में न्यायाधीशों की नियुक्ति क्रमशः भारतीय संविधान के अनुच्छेद 124, 217 और 224 के तहत की जाती है।
- नियुक्ति की प्रक्रिया मेमोरेंडम ऑफ प्रोसीजर (MoP) के अनुसार संचालित होती है, जिसे 1993 के सेकंड जजेज केस में सर्वोच्च न्यायालय के निर्णय तथा 1998 के थर्ड जजेज केस में दिए गए परामर्श के बाद तैयार किया गया था।
उच्च न्यायालय के न्यायाधीशों की नियुक्ति प्रक्रिया
- MoP के अनुसार, उच्च न्यायालय में न्यायाधीशों की नियुक्ति के लिए प्रस्ताव शुरू करने की जिम्मेदारी संबंधित उच्च न्यायालय के मुख्य न्यायाधीश की होती है।
- मुख्य न्यायाधीश यह प्रस्ताव उच्च न्यायालय के दो सबसे वरिष्ठ न्यायाधीशों से परामर्श करके तैयार करते हैं।
- उच्च न्यायालयों को किसी पद के रिक्त होने की संभावित तिथि से कम-से-कम 6 महीने पहले नियुक्ति संबंधी सिफारिश भेजनी होती है।
- उच्च न्यायालय द्वारा की गई सिफारिशों पर संबंधित राज्य सरकार के विचार भी MoP के अनुसार प्राप्त किए जाते हैं।
- सरकार नियुक्ति के लिए प्रस्तावित नामों पर उपलब्ध अन्य रिपोर्टों एवं संबंधित सूचनाओं को भी ध्यान में रखती है।
- इसके बाद उच्च न्यायालय कॉलेजियम, राज्य सरकार और भारत सरकार से संबंधित सिफारिशों को सर्वोच्च न्यायालय कॉलेजियम (Supreme Court Collegium—SCC) के पास उसकी सलाह के लिए भेजा जाता है।
CLICK HERE: UPSC (CSE) GS PRELIMS & MAINS CURRENT AFFAIRS BASED WEEKLY TEST (ENG & HINDI)
CLICK HERE FOR GS TIMES PRAHAR UPSC GS MAINS TEST SERIES
दैनिक करेंट अफेयर्स क्विज़ (सभी परीक्षाओं के लिए) अभ्यास के लिए-यहां क्लिक करें



