राजा रवि वर्मा की पेंटिंग ‘यशोदा और कृष्ण’ ने ₹167.20 करोड़ की कमाई का रिकॉर्ड बनाया

19वीं सदी के राजा रवि वर्मा की कृति ‘यशोदा और कृष्ण’ हाल ही में सैफ्रेनआर्ट (Saffronart) के स्प्रिंग लाइव ऑक्शन में 167.20 करोड़ रुपये में बिकी। इसके साथ ही यह नीलामी में बिकने वाली अब तक की सबसे महंगी भारतीय कलाकृति बन गई है। 

राजा रवि वर्मा: आधुनिक भारतीय कला के जनक

राजा रवि वर्मा को अक्सर ‘आधुनिक भारतीय कला का जनक’ कहा जाता है। वे भारतीय देवी-देवताओं के यथार्थवादी (realistic) चित्रण के लिए दुनिया भर में प्रसिद्ध हैं। हालाँकि उन्होंने मुख्य रूप से राजघरानों के लिए पेंटिंग बनाई, लेकिन अपने प्रिंट और ‘ओलोग्राफ’ (oleographs) के माध्यम से कला को आम जनता तक पहुँचाने का श्रेय भी उन्हीं को जाता है।

जीवन परिचय और कला शैली

  • जन्म: उनका जन्म अप्रैल 1848 में केरल के किलिमनूर में हुआ था। उनका परिवार त्रावणकोर के शाही परिवार के बहुत करीब था।
  • उपलब्धि: 1906 में 58 वर्ष की आयु में अपनी मृत्यु से पहले, उन्होंने 7,000 से अधिक पेंटिंग्स बनाई थीं।
  • शैली: उनकी कला की सबसे बड़ी विशेषता यूरोपीय यथार्थवाद (European realism) और भारतीय संवेदनाओं का अनूठा संगम था।

प्रेरणा और विषय

राजा रवि वर्मा अपने विषयों की तलाश में पूरे भारत की यात्रा करते थे। जहाँ उन्होंने भारतीय राजाओं और कुलीनों के चित्र बनाए, वहीं उनकी प्रेरणा के स्रोत भारतीय साहित्य से लेकर नृत्य-नाटकों तक विस्तृत थे।

  • पौराणिक कथाएँ: उनकी अधिकांश प्रसिद्ध कलाकृतियाँ भारतीय पौराणिक कथाओं से प्रेरित हैं।
  • ईश्वरीय चित्रण: उन्हें भारतीय देवी-देवताओं की छवि को परिभाषित करने का श्रेय दिया जाता है। उन्होंने देवताओं को अधिक मानवीय और सुलभ रूप में चित्रित किया, जिसके लिए वे अक्सर मनुष्यों को मॉडल के रूप में इस्तेमाल करते थे।
  • प्रमुख चित्रण: इनमें धन की देवी लक्ष्मी, ज्ञान की देवी सरस्वती, और अपनी पत्नियों (माया और लक्ष्मी) के साथ भगवान विष्णु के चित्रण शामिल हैं।

कला का लोकतंत्रीकरणराजा रवि वर्मा की आकांक्षा अपनी कला को आम लोगों तक ले जाने की थी। इसी उद्देश्य के साथ उन्होंने 1894 में बॉम्बे (मुंबई) में एक लिथोग्राफिक प्रेस की स्थापना की। इस प्रेस के माध्यम से उनकी पेंटिंग्स के सस्ते प्रिंट घर-घर तक पहुँचे, जिससे आम भारतीयों के पूजा घरों में देवी-देवताओं की तस्वीरों का चलन शुरू हुआ।

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