अब अधिकांश व्यापार लागतें गैर-टैरिफ उपायों (NTMs) से निर्धारित होती हैं-UNCTAD
UNCTAD की रिपोर्ट “इन्विजिबल बैरियर्स: द कॉस्ट्स ऑफ नॉन-टैरिफ मेजर्स” के अनुसार गैर-टैरिफ उपाय (Non-Tariff Measures – NTMs) जैसे कि नियम, अनिवार्य मानक या उत्पाद संबंधी आवश्यकताएं, अब व्यापार लागत को बढ़ाने वाले सबसे बड़े कारक बन गए हैं। ये उपाय तय करते हैं कि कौन व्यापार करेगा, किस चीज का व्यापार होगा और किन बाजारों में होगा।
विकासशील देशों के लिए यह एक दोहरा बोझ पैदा करता है। उन्हें एक तरफ ऊंचे टैरिफ (सीमा शुल्क) का सामना करना पड़ता है, तो दूसरी तरफ तेजी से जटिल होते नियमों को भी पूरा करना पड़ता है।
वर्ष 2025 में टैरिफ में भारी बढ़ोतरी
साल 2025 में टैरिफ दरों में तेज वृद्धि देखी गई:
- विकसित देश: 10% की वृद्धि
- विकासशील देश: 16% की वृद्धि
- अल्पविकसित देश (LDCs): 18% की वृद्धि
इसके बावजूद, अधिकांश देशों के लिए टैरिफ मुख्य व्यापारिक लागत नहीं हैं। 88% देशों के लिए गैर-टैरिफ उपाय (NTMs) टैरिफ की तुलना में अधिक निर्यात लागत पैदा करते हैं।
गैर-टैरिफ उपायों (NTMs) का असमान बोझ
NTMs का बोझ दुनिया भर में एक समान नहीं है। विकासशील और अल्पविकसित देशों को इसकी सबसे भारी कीमत चुकानी पड़ती है, क्योंकि वे बढ़ती टैरिफ दरों और जटिल विनियामक आवश्यकताओं (regulatory requirements) दोनों के बीच फंसे हुए हैं।
गैर-टैरिफ उपायों (NTMs) में निम्नलिखित शामिल हैं:
- तकनीकी नियम (Technical Regulations): उत्पादों की बनावट, पैकेजिंग और लेबलिंग से जुड़े नियम।
- स्वास्थ्य और सुरक्षा आवश्यकताएं (Sanitary and Phytosanitary – SPS): मानव, पशु और पौधों के स्वास्थ्य की रक्षा के लिए मानक।
- प्रशासनिक प्रक्रियाएं: सीमा शुल्क को मंजूरी दिलाने की कागजी कार्रवाई।
- पारंपरिक नीतियां: कोटा (सीमा तय करना) या मूल्य नियंत्रण (price controls) जैसे उपाय।
अदृश्य और छिपी हुई लागतें
अक्सर कंपनियों को इन नियमों के कारण कई तरह की अतिरिक्त लागतें उठानी पड़ती हैं:
- अनुपालन लागत (Compliance Costs): नियमों के अनुसार उत्पाद को ढालने का खर्च।
- सूचनात्मक लागत: यह पता लगाने का संघर्ष कि किस उत्पाद पर कौन सा नियम लागू होता है।
- प्रक्रियात्मक लागत: प्रमाणपत्र और जांच (testing) की लंबी प्रशासनिक प्रक्रियाएं।
पारदर्शिता की कमी एक छिपी हुई व्यापारिक बाधा के रूप में काम करती है। यदि नियमों में पारदर्शिता को सुधारा जाए, तो NTM से जुड़ी व्यापारिक लागतों को लगभग 19% तक कम किया जा सकता है।
विनियामक अंतर (Regulatory Differences) और समाधानअलग-अलग देशों में अलग-अलग नियमों के होने से उत्पादकों के लिए अतिरिक्त खर्च करना पड़ता है। उन्हें हर एक बाजार के लिए अलग-अलग आवश्यकताओं को पूरा करना पड़ता है। यदि विभिन्न देश अपने नियमों को आपस में संरेखित (Regulatory Convergence / सामंजस्य स्थापित) करते हैं, तो इन लागतों को 15% से 30% तक कम किया जा सकता है।


