NCB ने नशीले पदार्थों की ऑनलाइन तस्करी के नेटवर्क के खिलाफ ‘ऑपरेशन WIPE’ शुरू किया
नारकोटिक्स कंट्रोल ब्यूरो (NCB) ने नारकोटिक ड्रग्स एंड साइकोट्रोपिक सब्सटेंस (NDPS) अधिनियम के तहत विनियमित फार्मास्युटिकल दवाओं की अवैध बिक्री और वितरण के लिए ऑनलाइन प्लेटफॉर्म के दुरुपयोग को रोकने के लिए “ऑपरेशन वाइप” (Operation WIPE) शुरू किया है।
विभिन्न प्लेटफार्मों को नोटिस जारी किए गए हैं, जिसमें उन्हें तत्काल सुधारात्मक कदम उठाने का निर्देश दिया गया है।
ऑपरेशन वाइप के बारे में
WIPE का अर्थ “Web-based Illicit Activities Prevention & Enforcement” (वेब-आधारित अवैध गतिविधियों की रोकथाम और प्रवर्तन) है। इस पहल के तहत, NCB ने अब तक 122 ऐसे मामलों की पहचान की है जिनमें क्लोनाजेपम, डायजेपाम और फेंटानिल जैसी आमतौर पर दुरुपयोग की जाने वाली दवाओं सहित 62 पदार्थ शामिल हैं। इनमें से 58 पदार्थ NDPS अधिनियम के अंतर्गत आते हैं, जबकि चार को नियंत्रित पदार्थों के रूप में वर्गीकृत किया गया है।
यह ऑपरेशन जुलाई 2025 में “ऑपरेशन मेड-मैक्स” (Operation MED-MAX) के तहत की गई एक बड़ी कार्रवाई की पृष्ठभूमि में शुरू किया गया था, जिसमें NCB ने अंतरराष्ट्रीय एजेंसियों के सहयोग से कई महाद्वीपों में काम कर रहे एक अंतरराष्ट्रीय ड्रग तस्करी सिंडिकेट का भंडाफोड़ किया था।
भारत में 3.7 किलोग्राम ट्रामाडोल गोलियों की जब्ती के बाद इस नेटवर्क का खुलासा हुआ था, जो अवैध व्यापार करने के लिए डिजिटल प्लेटफॉर्म का फायदा उठा रहा था।


