स्कॉटलैंड वाटर क्रिमेशन की अनुमति देने वाला UK का पहला देश बना

स्कॉटलैंड अब यूके का पहला ऐसा देश बन गया है जहाँ ‘वाटर क्रिमेशन’ (Water Cremation) को कानूनी मान्यता दी गई है। स्कॉटलैंड में अब अंतिम संस्कार के लिए पारंपरिक दफनाने (Burial) या दाह संस्कार (Cremation) के अलावा एक तीसरा विकल्प उपलब्ध होगा, जिसे ‘एल्कालाइन हाइड्रोलिसिस’ (Alkaline Hydrolysis) या ‘वाटर क्रिमेशन’ कहा जाता है।

यह प्रक्रिया कैसे काम करती है?

  • तैयारी: शरीर को रेशम या ऊन जैसे बायोडेिग्रेडेबल (प्रकृति में घुलनशील) कपड़े में लपेटा जाता है।
  • प्रक्रिया: इसके बाद शरीर को एक दबाव वाले चैंबर (Pressurised Chamber) में रखा जाता है जिसमें गर्म पानी और रसायनों (Chemicals) का मिश्रण होता है।
  • परिणाम: यह मिश्रण शरीर के अपघटन (Decomposition) की गति को तेज कर देता है। अंत में, केवल हड्डियों के अवशेष बचते हैं जिन्हें पाउडर के रूप में एक कलश (Urn) में रखकर रिश्तेदारों को सौंप दिया जाता है।

इस बदलाव का महत्व:

वैश्विक स्थिति: वाटर क्रिमेशन की सुविधा आयरलैंड गणराज्य और संयुक्त राज्य अमेरिका जैसे देशों में पहले से ही उपलब्ध है।

ऐतिहासिक बदलाव: स्कॉटलैंड में इस प्रथा को शुरू करने वाली कंपनी का कहना है कि यह 1902 के बाद से श्मशान कानून में सबसे बड़ा बदलाव है।

पर्यावरण के अनुकूल: पारंपरिक दाह संस्कार की तुलना में इसमें कार्बन उत्सर्जन बहुत कम होता है और यह दफनाने की तुलना में कम जगह घेरता है।

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