ऊर्जा क्षेत्र के लिए विनियामक मामलों के उत्कृष्टता केंद्र (CoE)
केंद्रीय ऊर्जा मंत्री ने आईआईटी दिल्ली (IIT Delhi) में ऊर्जा क्षेत्र के लिए विनियामक मामलों के उत्कृष्टता केंद्र (CoE) का उद्घाटन किया।
ऊर्जा क्षेत्र के लिए उत्कृष्टता केंद्र (CoE)
यह केंद्र आईआईटी दिल्ली, केंद्रीय विद्युत विनियामक आयोग (CERC) और ग्रिड कंट्रोलर ऑफ इंडिया लिमिटेड (Grid India) द्वारा संयुक्त रूप से स्थापित किया गया है।
प्रमुख विशेषताएं और उद्देश्य:
- विनियामक क्षमता का सुदृढ़ीकरण: यह तेजी से बदलते ऊर्जा क्षेत्र में भारत की विनियामक क्षमता को मजबूत करने की दिशा में एक महत्वपूर्ण कदम है। वर्तमान में यह क्षेत्र बिजली की बढ़ती मांग, बड़े पैमाने पर नवीकरणीय ऊर्जा (Renewable Energy) के एकीकरण और डिजिटल प्रौद्योगिकियों के बढ़ते उपयोग जैसी चुनौतियों का सामना कर रहा है।
- राष्ट्रीय हब के रूप में भूमिका: इस केंद्र की परिकल्पना नियामक अनुसंधान (Regulatory Research), क्षमता निर्माण, सलाहकार सहायता और ज्ञान प्रसार के लिए एक राष्ट्रीय स्तर के केंद्र के रूप में की गई है।
- संस्थागत सहयोग: यह केंद्र CERC और ग्रिड इंडिया के साथ मिलकर काम करेगा ताकि:
- प्रमुख नियामक और क्षेत्रीय चुनौतियों की पहचान की जा सके।
- मानव संसाधन विकास और क्षमता निर्माण के माध्यम से संस्थागत क्षमताओं को मजबूत किया जा सके।
- प्रभावी ज्ञान प्रबंधन और सूचना के प्रसार को बढ़ावा दिया जा सके।


