आवश्यक वस्तु अधिनियम (ECA) क्या है?
पश्चिम एशिया में जारी युद्ध और भारत में तरलीकृत प्राकृतिक गैस (LNG) के भंडार में कमी के बीच, सरकार ने 9 मार्च को आवश्यक वस्तु अधिनियम (Essential Commodities Act) लागू करते हुए प्राकृतिक गैस को “प्राथमिकता वाले क्षेत्रों” की ओर मोड़ने का निर्णय लिया है। पेट्रोलियम और प्राकृतिक गैस मंत्रालय (MoPNG) का यह आदेश पिछले छह महीनों की औसत खपत के आधार पर गैस आपूर्ति के लिए चार श्रेणियों को प्राथमिकता देता है।
प्राकृतिक गैस आपूर्ति के लिए प्राथमिकता श्रेणियां:
- प्रथम प्राथमिकता (घरेलू PNG): घरेलू उपयोग को सर्वोच्च प्राथमिकता दी गई है। घरों को उनके पिछले छह महीनों की औसत खपत का 100% प्राप्त होगा।
- द्वितीय प्राथमिकता (उर्वरक इकाइयाँ): उर्वरक इकाइयों को उनकी पिछले छह महीनों की औसत खपत का 70% प्राप्त होगा।
- तृतीय प्राथमिकता (चाय उद्योग और अन्य): राष्ट्रीय गैस ग्रिड के माध्यम से आपूर्ति किए जाने वाले चाय उद्योग, विनिर्माण और अन्य औद्योगिक उपभोक्ताओं को औसत खपत का 80% प्राप्त होगा।
- चतुर्थ प्राथमिकता (सिटी गैस वितरण): सिटी गैस वितरण कंपनियों के वाणिज्यिक और औद्योगिक उपभोक्ताओं को भी उनके छह महीने के औसत उपयोग का 80% मिलेगा।
आवश्यक वस्तु अधिनियम (ECA), 1955 के बारे में
- उद्देश्य: सामान्य जनता के हित में कुछ वस्तुओं के उत्पादन, आपूर्ति, वितरण और व्यापार पर नियंत्रण सुनिश्चित करना।
- प्रमुख वस्तुएं: पशु चारा, कोयला, ऑटोमोबाइल घटक, दवाएं, खाद्य पदार्थ, लोहा और इस्पात, कच्चा कपास, जूट, और केंद्र द्वारा अधिसूचित कोई भी अन्य उत्पाद।
2020 का संशोधन और नई शर्तें
जून 2020 में, केंद्र ने अधिनियम में संशोधन कर अनाज, दलहन, आलू, प्याज, खाद्य तिलहन और तेल जैसे खाद्य पदार्थों को “आवश्यक” सूची से हटा दिया। अब इन पर नियंत्रण केवल “असाधारण परिस्थितियों” (जैसे युद्ध, अकाल, गंभीर प्राकृतिक आपदा या अत्यधिक मूल्य वृद्धि) में ही लगाया जा सकता है।
अधिनियम लागू करने के लिए मूल्य वृद्धि की शर्तें:
- बागवानी उपज (Horticultural produce): खुदरा कीमतों में 100% की वृद्धि होने पर।
- गैर-नाशवान कृषि खाद्य वस्तुएं: खुदरा कीमतों में 50% की वृद्धि होने पर।
एक नज़र में प्राथमिकता (Priority Table)
| प्राथमिकता क्रम | क्षेत्र/उपभोक्ता | आवंटित कोटा (औसत खपत का %) |
| 1 | घरेलू PNG (Households) | 100% |
| 2 | उर्वरक इकाइयाँ (Fertilisers) | 70% |
| 3 | ग्रिड आधारित उद्योग (चाय, विनिर्माण) | 80% |
| 4 | सिटी गैस वाणिज्यिक/औद्योगिक | 80% |
Source: IE


