भारत ने रियाद डिजाइन कानून संधि पर हस्ताक्षर किए
भारत ने लगभग दो दशकों की वार्ता के बाद विश्व बौद्धिक संपदा संगठन (WIPO) के सदस्य देशों द्वारा अपनाई गई रियाद डिजाइन कानून संधि (Riyadh Design Law Treaty) के फाइनल एक्ट पर हस्ताक्षर किए हैं।
संधि को 11-22 नवंबर, 2024 तक रियाद में किंग अब्दुल अजीज अंतर्राष्ट्रीय सम्मेलन केंद्र में सऊदी अरब द्वारा आयोजित राजनयिक सम्मेलन में अपनाया गया।
इस संधि का उद्देश्य औद्योगिक डिजाइन संरक्षण के लिए प्रक्रियात्मक ढांचे में सामंजस्य स्थापित करना, अलग-अलग न्यायिक क्षेत्रों में पंजीकरण प्रक्रियाओं की दक्षता और पहुंच में सुधार करना है।
यह दुनिया भर के डिजाइनरों के लिए अपने डिजाइनों को देश और विदेश में सुरक्षित रखना आसान, तेज और अधिक किफायती बना देगा।
प्रक्रियात्मक आवश्यकताओं को मानकीकृत करके, डिजाइन कानून संधि प्रशासनिक बोझ को कम करती है, जिससे डिजाइन में वैश्विक रचनात्मकता को बढ़ावा मिलता है।
इसका लक्ष्य यह सुनिश्चित करना है कि सुव्यवस्थित डिजाइन सुरक्षा के लाभ सभी हितधारकों के लिए सुलभ हों, जिसमें छोटे और मध्यम आकार के उद्यमों (एसएमई), स्टार्टअप और स्वतंत्र डिजाइनरों पर विशेष जोर दिया गया है।
रियाद संधि डिजाइनरों, विशेष रूप से छोटे पैमाने के डिजाइनरों तथा सूक्ष्म, लघु और मध्यम आकार के उद्यमों (एसएमई) के लिए अपने वर्क को पंजीकृत करना काफी आसान बना देगी।